CTET Syllabus 2026 

CTET Syllabus in Hindi & Exam Pattern 2025: संपूर्ण जानकारी

CTET Syllabus in Hindi 2025: संपूर्ण परीक्षा पैटर्न और पाठ्यक्रम की जानकारी

यदि आप शिक्षक बनने का सपना देख रहे हैं और सीटीईटी परीक्षा की तैयारी शुरू कर रहे हैं, तो सही दिशा में कदम बढ़ाने के लिए CTET Syllabus in Hindi को समझना सबसे पहला और सबसे महत्वपूर्ण चरण है। किसी भी परीक्षा में सफलता पाने के लिए उसके सिलेबस और परीक्षा के तरीके का सटीक ज्ञान होना बेहद जरूरी है। आज हम आपको इस लेख के माध्यम से विस्तार से CTET Syllabus in Hindi और इसके परीक्षा पैटर्न के बारे में बताएंगे।

सीटीईटी की परीक्षा मुख्य रूप से दो चरणों में आयोजित की जाती है: पेपर-I (कक्षा 1 से 5 के लिए) और पेपर-II (कक्षा 6 से 8 के लिए)। इसके बाद दस्तावेज़ों का सत्यापन किया जाता है। आइए सबसे पहले CTET Exam Pattern in Hindi पर नज़र डालते हैं ताकि आप समझ सकें कि नवीनतम CTET Syllabus in Hindi के अनुसार परीक्षा में किस विषय से कितने प्रश्न पूछे जाते हैं।

CTET class 1 - 5 exam pattern in hindi (पेपर 1)

प्राथमिक स्तर के शिक्षकों के लिए आयोजित होने वाले पेपर 1 का CTET Syllabus in Hindi और Exam Pattern नीचे दी गई तालिका में स्पष्ट रूप से समझाया गया है:

विषयप्रश्नों की संख्याअंकपरीक्षा समय
बाल विकास और अध्यापन: बाल विकास, समावेशी शिक्षा और बच्चों को समझना, सीखना और शिक्षाशास्त्र3030(2:30 घंटे)
180 मिनट का समय
भाषा- 1 (अनिवार्य): भाषा की समझ, भाषा विकास का शिक्षण3030
भाषा- 2 (अनिवार्य): भाषा की समझ, भाषा विकास का शिक्षण3030
पर्यावरण अध्ययन: परिवार और मित्र, भोजन, आश्रय, जल, यात्रा, शैक्षणिक मुद्दे इत्यादि3030
गणित: संख्या प्रणाली, गणितीय संक्रियाएं (जोड़, घटाव, गुणा, भाग), ज्यामिति, आकृतियाँ और स्थानिक समझ, शैक्षणिक मुद्दे इत्यादि3030
कुल150150
  • इस परीक्षा प्रश्न पत्र में MCQ प्रकार के प्रश्न होंगे। CTET Syllabus in Hindi के अनुसार कोई वर्णात्मक प्रश्न नहीं होगा।
  • इसकी लिखित परीक्षा में आपसे कुल 150 प्रश्न पूछे जाएंगे जिसमें प्रत्येक प्रश्न 1 अंक का होगा।
  • प्रश्न पत्र हल करने के लिए 180 मिनट का समय दिया जायेगा।
  • इस परीक्षा में आपके द्वारा किसी प्रश्न का गलत उत्तर देने पर अंक नही काटा जायेगा (Negative marking नहीं होगी)।

CTET class 6 - 8 exam pattern in hindi (पेपर 2)

उच्च प्राथमिक स्तर (कक्षा 6 से 8) के लिए CTET Syllabus in Hindi और Exam Pattern कुछ इस प्रकार निर्धारित किया गया है:

विषयप्रश्नों की संख्याकुल अंकपरीक्षा समय
बाल विकास एवं अध्यापन30302:30 घंटे
180 मिनट
भाषा-I3030
भाषा-II3030
गणित और साइंस (केवल मैथमेटिक्स और साइंस टीचर के लिए)
अथवा
सोशल स्टडीज/ सोशल साइंस (केवल सोशल स्टडीज/ सोशल साइंस टीचर के लिए)
6060
योग150150

CTET paper 1 syllabus in hindi (कक्षा 1 - 5)

अब तक हमने आपको CTET Exam Pattern के बारे में आपको बताया है और अब हम यंहा पर आपको cTET class 1 – 5 Syllabus In Hindi में बताने वाले है। यह पूरा CTET Syllabus in Hindi है:

I. बाल विकास और शिक्षाशास्त्र – कुल प्रश्न: 30

बाल विकास अनुभाग, CTET Syllabus in Hindi का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा है:

क) बाल विकास (प्राथमिक विद्यालय का बच्चा) – 15 प्रश्न

  • विकास की अवधारणा और अधिगम से इसका संबंध
  • बच्चों के विकास के सिद्धांत
  • आनुवंशिकता और पर्यावरण का प्रभाव
  • समाजीकरण की प्रक्रियाएँ: सामाजिक दुनिया और बच्चे (शिक्षक, माता-पिता, सहकर्मी)
  • पियाजे (Piaget), कोहलबर्ग (Kohlberg) और वाइगोत्स्की: निर्माण और आलोचनात्मक दृष्टिकोण
  • बाल-केन्द्रित और प्रगतिशील शिक्षा की अवधारणाएँ
  • बुद्धि के निर्माण का आलोचनात्मक दृष्टिकोण
  • बहु-आयामी बुद्धि
  • भाषा और विचार
  • लिंग (Gender) एक सामाजिक संरचना के रूप में; लिंग की भूमिकाएँ, लिंग-पूर्वाग्रह और शैक्षिक अभ्यास
  • शिक्षार्थियों के बीच व्यक्तिगत अंतर, भाषा, जाति, लिंग, समुदाय, धर्म आदि की विविधता पर आधारित अंतरों को समझना
  • अधिगम के लिए आकलन और अधिगम का आकलन के बीच अंतर; विद्यालय-आधारित आकलन, सतत एवं व्यापक मूल्यांकन : परिप्रेक्ष्य और अभ्यास
  • शिक्षार्थियों की तत्परता के स्तरों का आकलन करने, कक्षा में अधिगम और आलोचनात्मक चिंतन को बढ़ाने, तथा शिक्षार्थी की उपलब्धि का आकलन करने के लिए उपयुक्त प्रश्न तैयार करना

ख) समावेशी शिक्षा की अवधारणा और विशेष आवश्यकता वाले बच्चों को समझना – 5 प्रश्न

  • वंचित और पिछड़े सहित विविध पृष्ठभूमि के शिक्षार्थियों को संबोधित करना
  • सीखने की कठिनाइयों, "क्षति" आदि वाले बच्चों की आवश्यकताओं को संबोधित करना
  • प्रतिभाशाली, रचनात्मक, विशेष रूप से सक्षम शिक्षार्थियों को संबोधित करना

ग) अधिगम और शिक्षाशास्त्र (Learning and Pedagogy) – 10 प्रश्न

  • बच्चे कैसे सोचते और सीखते हैं; बच्चे स्कूल के प्रदर्शन में सफलता प्राप्त करने में "असफल" क्यों और कैसे होते हैं।
  • शिक्षण और अधिगम की मूल प्रक्रियाएँ;
  • बच्चों की सीखने की रणनीतियाँ; एक सामाजिक गतिविधि के रूप में अधिगम; अधिगम का सामाजिक संदर्भ।
  • एक समस्या समाधानकर्ता और एक "वैज्ञानिक अन्वेषक" के रूप में बच्चा
  • बच्चों में अधिगम की वैकल्पिक अवधारणाएँ, बच्चों की "त्रुटियों" को अधिगम प्रक्रिया में महत्वपूर्ण कदमों के रूप में समझना
  • संज्ञान और संवेग
  • अभिप्रेरणा और अधिगम
  • अधिगम में योगदान देने वाले कारक- व्यक्तिगत और पर्यावरणीय

II. गणित – कुल प्रश्न: 30

गणित के CTET Syllabus in Hindi को दो मुख्य भागों में बांटा गया है:

क) विषय-वस्तु (Content) – 15 प्रश्न

  • ज्यामिति (Geometry)
  • आकृतियाँ और स्थानिक समझ
  • हमारे आस-पास ठोस वस्तुएँ
  • संख्याएँ (Numbers)
  • जोड़ और घटाव (Addition and Subtraction)
  • गुणा (Multiplication)
  • भाग (Division)
  • मापन (Measurement)
  • वजन (Weight)
  • समय (Time)
  • आयतन (Volume)
  • डेटा प्रबंधन (Data Handling)
  • पैटर्न (Patterns)
  • मुद्रा (Money)

ख) शिक्षाशास्त्रीय मुद्दे – 15 प्रश्न

  • गणित की प्रकृति/तार्किक चिंतन; बच्चों के चिंतन और तर्क पैटर्न तथा अर्थ निकालने और सीखने की रणनीतियों को समझना
  • पाठ्यक्रम में गणित का स्थान
  • गणित की भाषा
  • सामुदायिक गणित
  • औपचारिक और अनौपचारिक तरीकों से मूल्यांकन
  • शिक्षण की समस्याएँ
  • त्रुटि विश्लेषण और सीखने तथा शिक्षण के संबंधित पहलू
  • नैदानिक और उपचारात्मक शिक्षण

III. पर्यावरण अध्ययन (EVS) – कुल प्रश्न: 30

पर्यावरण अध्ययन के CTET Syllabus in Hindi में आसपास के परिवेश से जुड़े सवाल आते हैं:

क) विषय-वस्तु (Content) – 15 प्रश्न

  • i. परिवार और मित्र: संबंध (Relationships), कार्य और खेल, पशु (Animals), पौधे (Plants)
  • ii. भोजन (Food)
  • iii. आश्रय (Shelter)
  • iv. जल (Water)
  • v. यात्रा (Travel)
  • vi. चीज़ें जो हम बनाते और करते हैं

ख) शिक्षाशास्त्रीय मुद्दे (Pedagogical Issues) – 15 प्रश्न

  • EVS की अवधारणा और दायरा
  • EVS का महत्व, एकीकृत EVS
  • पर्यावरण अध्ययन और पर्यावरण शिक्षा
  • अधिगम सिद्धांत
  • विज्ञान और सामाजिक विज्ञान से संबंध और दायरा
  • अवधारणाओं को प्रस्तुत करने के दृष्टिकोण
  • गतिविधियाँ (प्रयोग/व्यावहारिक कार्य चर्चा)
  • CCE (सतत एवं व्यापक मूल्यांकन)
  • शिक्षण सामग्री/सहायक सामग्री
  • समस्याएँ

IV. भाषा I – कुल प्रश्न: 30

भाषा 1 के लिए CTET Syllabus in Hindi मुख्य रूप से समझ और शिक्षाशास्त्र पर केंद्रित है:

क) भाषा बोधगम्यता – 15 प्रश्न

  • अपठित गद्यांशों को पढ़ना – दो गद्यांश, एक गद्य या नाटक और एक कविता जिस पर बोधगम्यता, निष्कर्ष, व्याकरण और शाब्दिक योग्यता से संबंधित प्रश्न हों (गद्य अंश साहित्यिक, वैज्ञानिक, कथात्मक या विवेचनात्मक हो सकता है)

ख) भाषा विकास का शिक्षाशास्त्र – 15 प्रश्न

  • अधिगम और अर्जन
  • भाषा शिक्षण के सिद्धांत
  • सुनने और बोलने की भूमिका; भाषा का कार्य और बच्चे इसे एक उपकरण के रूप में कैसे उपयोग करते हैं
  • व्याकरण की भूमिका पर आलोचनात्मक दृष्टिकोण
  • विविध कक्षा में भाषा शिक्षण की चुनौतियाँ; भाषा की कठिनाइयाँ, त्रुटियाँ और विकार
  • भाषा कौशल (Language Skills)
  • भाषा बोधगम्यता और प्रवीणता का मूल्यांकन: बोलना, सुनना, पढ़ना और लिखना
  • शिक्षण-अधिगम सामग्री: पाठ्यपुस्तक, मल्टी-मीडिया सामग्री, कक्षा का बहुभाषी संसाधन
  • उपचारात्मक शिक्षण

V. भाषा II (Language-II)– कुल प्रश्न: 30

भाषा 2 का CTET Syllabus in Hindi भी भाषा 1 के समान ही होता है:

क) बोधगम्यता (Comprehension) – 15 प्रश्न

  • दो अपठित गद्य अंश (विवेचनात्मक या साहित्यिक या कथात्मक या वैज्ञानिक) जिन पर बोधगम्यता, व्याकरण और शाब्दिक योग्यता से संबंधित प्रश्न हों

ख) भाषा विकास का शिक्षाशास्त्र – 15 प्रश्न

  • अधिगम और अर्जन
  • भाषा शिक्षण के सिद्धांत
  • सुनने और बोलने की भूमिका; भाषा का कार्य और बच्चे इसे एक उपकरण के रूप में कैसे उपयोग करते हैं
  • मौखिक और लिखित रूप में विचारों को संप्रेषित करने के लिए भाषा सीखने में व्याकरण की भूमिका पर आलोचनात्मक दृष्टिकोण;
  • विविध कक्षा में भाषा शिक्षण की चुनौतियाँ; भाषा की कठिनाइयाँ, त्रुटियाँ और विकार
  • भाषा कौशल (Language Skills)
  • भाषा बोधगम्यता और प्रवीणता का मूल्यांकन: बोलना, सुनना, पढ़ना और लिखना
  • शिक्षण-अधिगम सामग्री: पाठ्यपुस्तक, मल्टी-मीडिया सामग्री, कक्षा का बहुभाषी संसाधन
  • उपचारात्मक शिक्षण (Remedial Teaching)

CTET paper 2 syllabus in hindi- class 6-8

नीचे हमने आपको class 6-8 के लिए संपूर्ण CTET Syllabus in Hindi दे रखा है:

I. बाल विकास और शिक्षाशास्त्र- कुल प्रश्न: 30

क) बाल विकास (प्राथमिक विद्यालय का बच्चा) – 15 प्रश्न

  • विकास की अवधारणा और अधिगम (Learning) से इसका संबंध
  • बच्चों के विकास के सिद्धांत
  • आनुवंशिकता और पर्यावरण का प्रभाव
  • समाजीकरण की प्रक्रियाएँ: सामाजिक दुनिया और बच्चे (शिक्षक, माता-पिता, सहकर्मी)
  • पियाजे (Piaget), कोहलबर्ग (Kohlberg) और वाइगोत्स्की (Vygotsky): निर्माण और आलोचनात्मक दृष्टिकोण
  • बाल-केन्द्रित और प्रगतिशील शिक्षा की अवधारणाएँ
  • बुद्धि के निर्माण का आलोचनात्मक दृष्टिकोण
  • बहु-आयामी बुद्धि
  • भाषा और विचार
  • लिंग एक सामाजिक संरचना के रूप में; लिंग की भूमिकाएँ, लिंग-पूर्वाग्रह और शैक्षिक अभ्यास
  • शिक्षार्थियों के बीच व्यक्तिगत अंतर, भाषा, जाति, लिंग, समुदाय, धर्म आदि की विविधता पर आधारित अंतरों को समझना
  • अधिगम के लिए आकलन और अधिगम का आकलन के बीच अंतर; विद्यालय-आधारित आकलन, सतत एवं व्यापक मूल्यांकन (CCE): परिप्रेक्ष्य और अभ्यास
  • शिक्षार्थियों की तत्परता के स्तरों का आकलन करने, कक्षा में अधिगम और आलोचनात्मक चिंतन को बढ़ाने, तथा शिक्षार्थी की उपलब्धि का आकलन करने के लिए उपयुक्त प्रश्न तैयार करना

ख) समावेशी शिक्षा की अवधारणा और विशेष आवश्यकता वाले बच्चों को समझना – 5 प्रश्न

  • वंचित और पिछड़े सहित विविध पृष्ठभूमि के शिक्षार्थियों को संबोधित करना
  • सीखने की कठिनाइयों, "क्षति" आदि वाले बच्चों की आवश्यकताओं को संबोधित करना
  • प्रतिभाशाली, रचनात्मक, विशेष रूप से सक्षम शिक्षार्थियों को संबोधित करना

ग) अधिगम और शिक्षाशास्त्र – 10 प्रश्न

  • बच्चे कैसे सोचते और सीखते हैं; बच्चे स्कूल के प्रदर्शन में सफलता प्राप्त करने में "असफल" क्यों और कैसे होते हैं।
  • शिक्षण और अधिगम की मूल प्रक्रियाएँ; बच्चों की सीखने की रणनीतियाँ; एक सामाजिक गतिविधि के रूप में अधिगम; अधिगम का सामाजिक संदर्भ।
  • एक समस्या समाधानकर्ता और एक "वैज्ञानिक अन्वेषक" के रूप में बच्चा
  • बच्चों में अधिगम की वैकल्पिक अवधारणाएँ, बच्चों की "त्रुटियों" को अधिगम प्रक्रिया में महत्वपूर्ण कदमों के रूप में समझना
  • संज्ञान और संवेग
  • अभिप्रेरणा और अधिगम
  • अधिगम में योगदान देने वाले कारक- व्यक्तिगत और पर्यावरणीय

II. गणित और विज्ञान -कुल प्रश्न: 60

गणित और विज्ञान शिक्षकों के लिए CTET Syllabus in Hindi में 60 अंकों का वेटेज है:

i) गणित (Mathematics) – 30 प्रश्न

क) विषय-वस्तु (Content) – 20 प्रश्न

  • संख्या प्रणाली (Number System): अपनी संख्याओं को जानना, संख्याओं के साथ खेलना, पूर्ण संख्याएँ (Whole Numbers), ऋणात्मक संख्याएँ और पूर्णांक, भिन्न (Fractions)
  • बीजगणित (Algebra): बीजगणित का परिचय, अनुपात और समानुपात
  • ज्यामिति (Geometry): मूल ज्यामितीय विचार (2-D), प्राथमिक आकृतियों को समझना (2-D और 3-D), समरूपता: (परावर्तन), निर्माण (सीधे किनारे वाले स्केल, चांदा, परकार का उपयोग करके)
  • क्षेत्रमिति
  • डेटा प्रबंधन

ख) शिक्षाशास्त्रीय मुद्दे (Pedagogical issues) – 10 प्रश्न

  • गणित की प्रकृति/तार्किक चिंतन
  • पाठ्यक्रम में गणित का स्थान
  • गणित की भाषा
  • सामुदायिक गणित
  • मूल्यांकन
  • उपचारात्मक शिक्षण
  • शिक्षण की समस्याएँ

ii) विज्ञान – 30 प्रश्न

क) विषय-वस्तु – 20 प्रश्न

  • भोजन (Food): भोजन के स्रोत, भोजन के घटक, भोजन की सफाई
  • सामग्री (Materials): दैनिक उपयोग की सामग्री
  • सजीवों की दुनिया
  • चलती चीजें, लोग और विचार
  • चीजें कैसे काम करती हैं: विद्युत धारा और सर्किट, चुंबक
  • प्राकृतिक घटनाएँ
  • प्राकृतिक संसाधन

ख) शिक्षाशास्त्रीय मुद्दे (Pedagogical issues) – 10 प्रश्न

  • विज्ञान की प्रकृति और संरचना
  • प्राकृतिक विज्ञान/लक्ष्य और उद्देश्य
  • विज्ञान को समझना और उसकी सराहना करना
  • दृष्टिकोण/एकीकृत दृष्टिकोण
  • अवलोकन/प्रयोग/खोज (विज्ञान की विधि)
  • नवाचार
  • पाठ्य सामग्री/सहायक सामग्री
  • मूल्यांकन-संज्ञानात्मक/मनोगत्यात्मक/भावात्मक
  • समस्याएँ
  • उपचारात्मक शिक्षण

III. सामाजिक अध्ययन/सामाजिक विज्ञान (Social Studies/Social Sciences)– कुल प्रश्न: 60

जो उम्मीदवार कला वर्ग (Arts) से हैं, उनके लिए CTET Syllabus in Hindi के अंतर्गत सामाजिक विज्ञान एक प्रमुख विषय है:

क) विषय-वस्तु (Content) – 40 प्रश्न

  • इतिहास (History): कब, कहाँ और कैसे, सबसे शुरुआती समाज, पहले किसान और चरवाहे, पहले शहर, प्रारंभिक राज्य, नए विचार, पहला साम्राज्य, दूर देशों से संपर्क, राजनीतिक विकास, संस्कृति और विज्ञान, नए राजा और राज्य, दिल्ली के सुल्तान, वास्तुकला, एक साम्राज्य का निर्माण, सामाजिक परिवर्तन, क्षेत्रीय संस्कृतियाँ, कंपनी शक्ति की स्थापना, ग्रामीण जीवन और समाज, उपनिवेशवाद और आदिवासी समाज, 1857-58 का विद्रोह, महिलाएँ और सुधार, जाति व्यवस्था को चुनौती देना, राष्ट्रवादी आंदोलन, स्वतंत्रता के बाद का भारत।
  • भूगोल (Geography): एक सामाजिक अध्ययन और एक विज्ञान के रूप में भूगोल, ग्रह: सौरमंडल में पृथ्वी, ग्लोब, पर्यावरण अपनी समग्रता में: प्राकृतिक और मानव पर्यावरण, वायु, जल, मानव पर्यावरण: बस्ती, परिवहन और संचार, संसाधन: प्रकार-प्राकृतिक और मानव, कृषि।
  • सामाजिक और राजनीतिक जीवन: विविधता, सरकार, स्थानीय सरकार, आजीविका कमाना, लोकतंत्र, राज्य सरकार, मीडिया को समझना, लिंग को समझना, संविधान, संसदीय सरकार, न्यायपालिका, सामाजिक न्याय और हाशिए पर पड़े लोग।

ख) शिक्षाशास्त्रीय मुद्दे (Pedagogical issues) – 20 प्रश्न

  • सामाजिक विज्ञान/सामाजिक अध्ययन की अवधारणा और प्रकृति
  • कक्षा प्रक्रियाएँ, गतिविधियाँ और विमर्श
  • आलोचनात्मक चिंतन का विकास करना
  • पूछताछ/अनुभवजन्य साक्ष्य
  • सामाजिक विज्ञान/सामाजिक अध्ययन के शिक्षण की समस्याएँ
  • स्रोत- प्राथमिक और माध्यमिक
  • परियोजना कार्य
  • मूल्यांकन

IV. भाषा I (Language I) - कुल प्रश्न: 30

पेपर 2 की भाषा 1 का CTET Syllabus in Hindi बोधगम्यता और बहुभाषी कक्षा पर जोर देता है:

भाषा बोधगम्यता – 15 प्रश्न

  • अपठित गद्यांशों को पढ़ना – दो गद्यांश, एक गद्य या नाटक और एक कविता जिस पर बोधगम्यता, निष्कर्ष, व्याकरण और शाब्दिक योग्यता से संबंधित प्रश्न हों (गद्य अंश साहित्यिक, वैज्ञानिक, कथात्मक या विवेचनात्मक हो सकता है)

भाषा विकास का शिक्षाशास्त्र – 15 प्रश्न

  • अधिगम और अर्जन
  • भाषा शिक्षण के सिद्धांत
  • सुनने और बोलने की भूमिका; भाषा का कार्य और बच्चे इसे एक उपकरण के रूप में कैसे उपयोग करते हैं
  • मौखिक और लिखित रूप में विचारों को संप्रेषित करने के लिए भाषा सीखने में व्याकरण की भूमिका पर आलोचनात्मक दृष्टिकोण;
  • विविध कक्षा में भाषा शिक्षण की चुनौतियाँ; भाषा की कठिनाइयाँ, त्रुटियाँ और विकार
  • भाषा कौशल
  • भाषा बोधगम्यता और प्रवीणता का मूल्यांकन: बोलना, सुनना, पढ़ना और लिखना
  • शिक्षण-अधिगम सामग्री: पाठ्यपुस्तक, मल्टी-मीडिया सामग्री, कक्षा का बहुभाषी संसाधन
  • उपचारात्मक शिक्षण

V. भाषा II – कुल प्रश्न: 30

दूसरी भाषा के लिए CTET Syllabus in Hindi का स्तर थोड़ा भिन्न हो सकता है, लेकिन विषय-वस्तु समान रहती है:

बोधगम्यता- 15 प्रश्न

  • दो अपठित गद्य अंश (विवेचनात्मक या साहित्यिक या कथात्मक या वैज्ञानिक) जिन पर बोधगम्यता, व्याकरण और शाब्दिक योग्यता से संबंधित प्रश्न हों

भाषा विकास का शिक्षाशास्त्र – 15 प्रश्न

  • अधिगम और अर्जन
  • भाषा शिक्षण के सिद्धांत
  • सुनने और बोलने की भूमिका; भाषा का कार्य और बच्चे इसे एक उपकरण के रूप में कैसे उपयोग करते हैं
  • मौखिक और लिखित रूप में विचारों को संप्रेषित करने के लिए भाषा सीखने में व्याकरण की भूमिका पर आलोचनात्मक दृष्टिकोण;
  • विविध कक्षा में भाषा शिक्षण की चुनौतियाँ; भाषा की कठिनाइयाँ, त्रुटियाँ और विकार
  • भाषा कौशल
  • भाषा बोधगम्यता और प्रवीणता का मूल्यांकन: बोलना, सुनना, पढ़ना और लिखना
  • शिक्षण-अधिगम सामग्री: पाठ्यपुस्तक, मल्टी-मीडिया सामग्री, कक्षा का बहुभाषी संसाधन
  • उपचारात्मक शिक्षण

निष्कर्ष: यदि आप ऊपर दिए गए संपूर्ण CTET Syllabus in Hindi और एग्जाम पैटर्न का गहनता से अध्ययन करते हैं, तो पहली बार में परीक्षा क्रैक करना आसान हो जाएगा। CTET Syllabus in Hindi ही आपकी सफलता का सबसे बड़ा साधन है।

🎯 CTET 2025: अक्सर पूछे जाने वाले महत्वपूर्ण प्रश्न (FAQs)

प्रस्तावना: सीटीईटी परीक्षा की तैयारी के इस सफर में आपका स्वागत है! यहाँ हमने आपके सभी सवालों के जवाब बेहद सरल भाषा में दिए हैं, ताकि आप CTET Syllabus in Hindi और परीक्षा के पैटर्न को लेकर पूरी तरह आश्वस्त हो सकें और अपनी तैयारी को नई दिशा दे सकें।
Q1. सीटीईटी पेपर 1 और पेपर 2 में मुख्य रूप से क्या अंतर है?
उत्तर: पेपर 1 उन उम्मीदवारों के लिए है जो कक्षा 1 से 5 (प्राथमिक स्तर) तक के शिक्षक बनना चाहते हैं, जबकि पेपर 2 कक्षा 6 से 8 (उच्च प्राथमिक) के लिए है। दोनों स्तरों के लिए CTET Syllabus in Hindi अलग-अलग निर्धारित किया गया है।
Q2. क्या सीटीईटी परीक्षा में किसी प्रकार की नेगेटिव मार्किंग (Negative Marking) होती है?
उत्तर: जी नहीं, सीटीईटी परीक्षा में कोई भी नेगेटिव मार्किंग नहीं होती है। आप CTET Syllabus in Hindi के अनुसार बिना किसी अंक कटने के डर के पूरे 150 प्रश्नों के उत्तर आसानी से दे सकते हैं।
Q3. इस परीक्षा को पास करने के लिए न्यूनतम कितने अंकों की आवश्यकता होती है?
उत्तर: सामान्य (General) वर्ग के उम्मीदवारों को पास होने के लिए 60% (यानी 90 अंक) चाहिए होते हैं। वहीं, आरक्षित वर्गों (OBC/SC/ST) के लिए यह सीमा 55% (यानी 82.5 अंक) तय की गई है।
Q4. आगामी परीक्षा के लिए अद्यतन पाठ्यक्रम कहाँ से डाउनलोड किया जा सकता है?
उत्तर: आप सीबीएसई की आधिकारिक वेबसाइट (ctet.nic.in) पर जाकर इसे डाउनलोड कर सकते हैं। इसके अलावा, आपकी सुविधा के लिए हमारी वेबसाइट पर भी पूरा CTET Syllabus in Hindi स्पष्ट रूप से उपलब्ध कराया गया है।
Q5. पर्यावरण अध्ययन (EVS) खंड की तैयारी के लिए किन बातों पर ध्यान दें?
उत्तर: EVS के CTET Syllabus in Hindi में 15 प्रश्न परिवार, भोजन, पानी, और यात्रा जैसे बुनियादी विषयों से आते हैं। बाकी 15 प्रश्न पर्यावरण शिक्षाशास्त्र से होते हैं, जिसके लिए कक्षा 3 से 5 की NCERT की किताबें सर्वश्रेष्ठ हैं।
Q6. बाल विकास और शिक्षाशास्त्र (CDP) में सबसे ज्यादा प्रश्न कहाँ से पूछे जाते हैं?
उत्तर: CDP में पियाजे (Piaget), वाइगोत्स्की (Vygotsky) और कोहलबर्ग के सिद्धांतों से सर्वाधिक प्रश्न आते हैं। समावेशी शिक्षा और बाल-केंद्रित शिक्षा की अवधारणा को गहराई से समझना बहुत जरूरी है।
Q7. जूनियर स्तर (पेपर 2) के लिए विज्ञान और गणित का परीक्षा पैटर्न कैसा होता है?
उत्तर: जो उम्मीदवार गणित और विज्ञान के शिक्षक बनना चाहते हैं, उन्हें कुल 60 प्रश्न हल करने होते हैं। इसमें 30 प्रश्न गणित के और 30 विज्ञान के होते हैं, जो कक्षा 6 से 8 के CTET Syllabus in Hindi पर आधारित होते हैं।
Q8. कला वर्ग (Arts) के छात्रों के लिए पेपर 2 में सामाजिक अध्ययन (SST) का कितना वेटेज है?
उत्तर: कला वर्ग के छात्रों के लिए SST से सीधे 60 प्रश्न पूछे जाते हैं। CTET Syllabus in Hindi के अनुसार, इसमें 40 प्रश्न इतिहास, भूगोल तथा राजनीति विज्ञान से होते हैं, और 20 प्रश्न विषय के शिक्षाशास्त्र से आते हैं।
Q9. क्या सीटीईटी के दोनों पेपर (Paper 1 और Paper 2) एक ही दिन आयोजित किए जाते हैं?
उत्तर: हाँ, दोनों पेपर आमतौर पर एक ही दिन में दो अलग-अलग पालियों (सुबह और दोपहर की शिफ्ट) में कराए जाते हैं। प्रत्येक पेपर को हल करने के लिए पूरे 150 मिनट मिलते हैं।
Q10. फॉर्म भरते समय भाषा 1 और भाषा 2 का चयन किस आधार पर करना चाहिए?
उत्तर: भाषा 1 के रूप में हमेशा वह भाषा चुनें जिस पर आपकी पकड़ सबसे मजबूत हो (जैसे हिंदी), क्योंकि इसके गद्यांश थोड़े जटिल होते हैं। भाषा 2 के रूप में आप अंग्रेजी या संस्कृत चुन सकते हैं।
Q11. क्या 2025 के पाठ्यक्रम में हाल ही में कोई बड़ा या नया बदलाव हुआ है?
उत्तर: मुख्य विषयों के ढांचे में कोई बड़ा बदलाव नहीं हुआ है, लेकिन अब प्रश्न अधिक विश्लेषणात्मक (Analytical) पूछे जाते हैं। सबसे सटीक जानकारी के लिए आप नवीनतम CTET Syllabus in Hindi जरूर देखें।
Q12. पेपर 1 में गणित की तैयारी कैसे करें, खासकर यदि गणित कमजोर हो?
उत्तर: पेपर 1 की गणित कक्षा 1 से 5 के बुनियादी स्तर की होती है। यदि आप CTET Syllabus in Hindi के अनुसार जोड़, घटाव, गुणा, भाग, मापन और ज्यामिति का अभ्यास करें, तो इसमें आसानी से अच्छे अंक ला सकते हैं।
Q13. सीटीईटी प्रमाणपत्र (CTET Certificate) की वैधता अवधि अब कितनी है?
उत्तर: NCTE के नवीनतम दिशा-निर्देशों के अनुसार, सीटीईटी प्रमाणपत्र की वैधता अब आजीवन (Lifetime) कर दी गई है। एक बार परीक्षा पास करने के बाद आपको इसे दोबारा देने की जरूरत नहीं है।
Q14. क्या बी.एड (B.Ed) पास उम्मीदवार प्राथमिक शिक्षक (पेपर 1) के लिए परीक्षा दे सकते हैं?
उत्तर: माननीय सर्वोच्च न्यायालय के फैसले के अनुसार, बी.एड डिग्री धारक अब प्राथमिक स्तर (पेपर 1) के लिए पात्र नहीं हैं। वे केवल उच्च प्राथमिक स्तर (पेपर 2) की परीक्षा दे सकते हैं।
Q15. परीक्षा की तैयारी के लिए सबसे प्रामाणिक और बेहतरीन अध्ययन सामग्री क्या है?
उत्तर: सबसे बेहतरीन सामग्री NCERT की कक्षा 3 से 8 तक की किताबें हैं। इसके साथ ही, पिछले 5-7 वर्षों के प्रश्न पत्रों (PYQs) को हल करना सफलता की सबसे बड़ी कुंजी है।
Q16. क्या बिना किसी कोचिंग के पहली बार में यह परीक्षा पास की जा सकती है?
उत्तर: बिल्कुल! यदि आप अपनी मजबूत और कमजोर कड़ी को पहचान कर CTET Syllabus in Hindi के अनुसार लगातार अभ्यास करते हैं, तो पहली ही कोशिश में शानदार अंकों से परीक्षा पास की जा सकती है।
Q17. सीटीईटी परीक्षा किस मोड में आयोजित की जाती है (ऑनलाइन या ऑफलाइन)?
उत्तर: हालिया बदलावों के बाद, सीबीएसई ने सीटीईटी परीक्षा को पुनः ऑफलाइन (OMR शीट आधारित) मोड में आयोजित करना शुरू कर दिया है। आपको पेन और पेपर के माध्यम से गोले भरने होंगे।
Q18. भाषा शिक्षाशास्त्र (Language Pedagogy) में किन अहम विषयों पर फोकस करना चाहिए?
उत्तर: भाषा अधिगम और अर्जन के अंतर को स्पष्ट रूप से समझें। CTET Syllabus in Hindi के अनुसार बहुभाषी कक्षा की चुनौतियाँ, भाषा विकार और उपचारात्मक शिक्षण से हर साल प्रश्न निश्चित रूप से पूछे जाते हैं।
Q19. विज्ञान/गणित और SST शिक्षकों (पेपर 2) के लिए मुख्य तैयारी बिंदु क्या हैं?
उत्तर: इसमें विषय-वस्तु (Content) और उस विषय को पढ़ाने के तरीके (Pedagogy) दोनों की गहरी समझ आवश्यक है। अपने मुख्य विषय को मजबूत करने के लिए CTET Syllabus in Hindi के अनुसार केवल NCERT पढ़ें।
Q20. परीक्षा से पहले मॉक टेस्ट (Mock Test) देना कितना फायदेमंद होता है?
उत्तर: मॉक टेस्ट आपके समय प्रबंधन (Time Management) को बेहतर बनाता है। यह आपको ओएमआर (OMR) भरने की गति बढ़ाने और परीक्षा के वास्तविक दबाव को झेलने में मदद करता है।
Q21. विकलांग (PWD/दिव्यांग) श्रेणी के उम्मीदवारों के लिए क्या विशेष प्रावधान हैं?
उत्तर: दिव्यांग उम्मीदवारों को परीक्षा पास करने के लिए न्यूनतम अंकों में छूट दी जाती है। इसके अतिरिक्त, उन्हें परीक्षा के दौरान अतिरिक्त समय (Compensatory Time) भी प्रदान किया जाता है।
Q22. जो उम्मीदवार सेल्फ स्टडी कर रहे हैं, उन्हें तैयारी की शुरुआत कैसे करनी चाहिए?
उत्तर: सबसे पहले आधिकारिक वेबसाइट से CTET Syllabus in Hindi का प्रिंटआउट लें और अपनी टेबल पर रखें। उसके बाद पाठ्यक्रम के हर टॉपिक को NCERT की किताबों से कवर करना शुरू करें।
Q23. परीक्षा में समय की कमी से बचने के लिए क्या रणनीति अपनाएं?
उत्तर: सबसे पहले उन विषयों को हल करें जिनमें आप मजबूत हैं (जैसे बाल विकास या भाषा)। गणित जैसे समय लेने वाले विषयों को अंत के लिए रखें ताकि आपका समय व्यर्थ न हो।
Q24. क्या D.El.Ed (बीटीसी) के प्रथम वर्ष के छात्र सीटीईटी परीक्षा में बैठ सकते हैं?
उत्तर: सुप्रीम कोर्ट के ताज़ा आदेश के अनुसार, यदि आपने किसी भी शिक्षक प्रशिक्षण पाठ्यक्रम (TTC) में प्रवेश (Admission) ले लिया है, तो आप उसी दिन से परीक्षा देने के लिए पूरी तरह पात्र हैं।
Q25. सीटीईटी पास करने के बाद सरकारी नौकरी पाने के क्या अवसर होते हैं?
उत्तर: इसे पास करने के बाद आप केंद्रीय विद्यालयों (KVS), नवोदय विद्यालयों (NVS), दिल्ली के सरकारी स्कूलों (DSSSB), और कई राज्यों की शिक्षक भर्ती परीक्षाओं के लिए योग्य हो जाते हैं।
Q26. यदि ऑनलाइन फॉर्म भरते समय कोई गलती हो जाए तो उसे कैसे सुधारें?
उत्तर: आवेदन प्रक्रिया समाप्त होने के कुछ दिनों बाद सीबीएसई द्वारा 'करेक्शन विंडो' (Correction Window) खोली जाती है। आप उस निश्चित समय सीमा में ऑनलाइन लॉग इन करके अपनी गलतियां सुधार सकते हैं।
Q27. परीक्षा हॉल में ओएमआर (OMR) शीट भरते समय किन बातों का खास ध्यान रखें?
उत्तर: गोले भरने के लिए सिर्फ अच्छे नीले या काले बॉलपॉइंट पेन का इस्तेमाल करें। गोले को पूरा और गाढ़ा भरें, क्योंकि आधा-अधूरा गोला कंप्यूटर द्वारा स्कैन नहीं किया जाता है।
Q28. क्या परीक्षा केंद्र पर रफ कार्य (Rough Work) के लिए अलग से कागज़ मिलता है?
उत्तर: जी नहीं, बाहर से कोई कागज़ ले जाने या वहां मिलने की अनुमति नहीं है। आपको अपनी प्रश्न पुस्तिका (Question Booklet) के अंत में दिए गए खाली पृष्ठों पर ही रफ कार्य करना होता है।
Q29. सीटीईटी की आंसर की (Answer Key) और परिणाम आमतौर पर कितने दिनों में आते हैं?
उत्तर: परीक्षा संपन्न होने के लगभग 15 से 20 दिनों के भीतर प्रारंभिक आंसर की जारी कर दी जाती है। आपत्तियों के निस्तारण के बाद, लगभग एक से डेढ़ महीने में फाइनल रिजल्ट आ जाता है।
Q30. ईडब्ल्यूएस (EWS) श्रेणी के उम्मीदवारों को क्या पासिंग मार्क्स में कोई छूट मिलती है?
उत्तर: वर्तमान नियमों के अनुसार, केंद्रीय स्तर पर सीटीईटी में ईडब्ल्यूएस श्रेणी के लिए पासिंग मार्क्स में कोई विशेष छूट नहीं है; उन्हें भी सामान्य वर्ग के समान 60% अंक लाने होते हैं। इस विषय पर अधिक जानकारी और अपडेट्स के लिए CTET Syllabus in Hindi और आधिकारिक अधिसूचना पढ़ते रहें।
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Mohar Singh Jhajharia - Co-Founder EduSetu

Mohar Singh Jhajharia

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